वेटरनरी विश्वविद्यालय गणतंत्र दिवस: कुलपति प्रो. विष्णु शर्मा द्वारा ध्वजारोहण और सलामी उत्कृष्ट शैक्षणिक व शोध कार्यों के लिए 40 विद्यार्थी सम्मानित

क्रमांक 697                                                                                                                26 जनवरी, 2020

गणतंत्र दिवस समारोह
वेटरनरी विश्वविद्यालय गणतंत्र दिवस: कुलपति प्रो. विष्णु शर्मा द्वारा ध्वजारोहण और सलामी
उत्कृष्ट शैक्षणिक व शोध कार्यों के लिए 40 विद्यार्थी सम्मानित

बीकानेर, 26 जनवरी। 71वें गणतंत्र दिवस पर वेटरनरी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विष्णु शर्मा ने राजुवास के दीवाने-ए-आम प्रांगण में ध्वजारोहण कर सलामी दी। समारोह में छात्र-छात्राओं द्वारा देश भक्ति से ओत-प्रोत संगीत और नृत्य के मनभावन कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। कुलपति प्रो. शर्मा ने इस अवसर पर विश्वविद्यालय की सभी परीक्षाओं की मेरिट में अव्वल रहे 29 विद्यार्थियों, एन.सी.सी. में पदक विजेता 5 कैडेट््स 3 उत्कृष्ट शोधार्थियों और गोद लिए गांव डांईयां में कम्प्यूटर प्रशिक्षण में अव्वल रहे 3 विद्यार्थियों और विश्वविद्यालय एपेक्स सेन्टर के प्रभारी अधिकारी प्रो. अनिल कटारिया को सांभर झील में पक्षियों की त्रासदी में सबसे पहले रोग के कारणों का खुलासा किए जाने के लिए विशेषतौर पर पुरस्कृत किया। इस अवसर पर कुलपति प्रो. विष्णु शर्मा ने अपने उद्बोधन में कहा कि विश्वविद्यालय के सुद्दढ़ीकरण के लिए आगामी 10 वर्ष के लिए योजनाओं और कार्यक्रमों में विशेष अनुसंधान और पेटेंट, अन्र्तराष्ट्रीय सहभागिता बढ़ाने तथा सामाजिक सरोकार के कार्यों को प्राथमिकता से लागू किया जा रहा है। विश्वविद्यालय स्थापना के इस दशाब्दी वर्ष में पशु कल्याण और पशुपालकों में जागरूकता के लिए 12 नवीन कार्यक्रम शुरू किए गए हैं। इसमें देशी गौवंश दुग्ध एवं दुग्ध उत्पाद केन्द्रों की स्थापना बीकानेर और नवानियां (उदयपुर) महाविद्यालयों में की गई है। दशाब्दी के इस वर्ष में विश्वविद्यालय के सभी संस्थानों, इकाइयों के परिसरों को “ग्रीन-क्लीन प्लास्टिक फ्री“ अभियान शुरू किया गया है। विश्वविद्यालय में नए मानव संसाधन निदेशालय की स्थापना की जाएगी।
राज्य के समग्र पशु कल्याण के लिए विश्वविद्यालय द्वारा गौशालाओं को गोद लेकर तकनीकी सुद्दढ़ीकरण का कार्य भी शुरू किया जा रहा है। विश्वविद्यालय द्वारा अन्र्तराष्ट्रीय संस्थानों से एम.ओ.यू. की प्रक्रिया चल रही है। सभी पशुधन फार्मों में जैविक उत्पादन और उनके प्रमाणीकरण तथा पशुआहार में आत्म निर्भर बनाने के प्रयास शुरू किए गए हैं। पशुचिकित्सा शिक्षा के विद्यार्थियों में उद्यमिता कौशल विकास के लिए प्रत्येक महाविद्यालय में लाइव-स्टाॅक इन्नोवेशन नाॅलेज और एन्टरप्रेन्योरशिप स्किल प्रक्रोष्ठों का गठन किया गया है। विद्यार्थियों के व्यावसायिक उन्नयन के लिए लघु अवधि के सर्टिफिकेट पाठ््यक्रम विश्वविद्यालय द्वारा शुरू किए जा रहे हैं। विश्वविद्यालय द्वारा राज्य के पशुधन समग्र कल्याण और विकास के लिए पशुपालन और सम्बद्ध विभागों से बेहतर समन्वय और कार्य के लिए एक नए फोरम के गठन को राज्य सरकार से सैद्धांतिक स्वीकृति मिल गई है। राज्य सरकार द्वारा राज्य का चैथे संघटक नए महाविद्यालय को जोधपुर में खोलने की सौगात प्रदान की है। वर्ष 2019 में देश में आयोजित राष्ट्रीय वैज्ञानिक सम्मेलनों में विश्वविद्यालय के शोधार्थियों ने अपने अनुसंधान कार्यों के लिए सम्मान अर्जित किए हैं। राज्य का ई-गर्वनेन्स अवार्ड 2019 का सम्मान राजुवास को मिलना हमारे लिए गौरव की बात है। वेटरनरी विश्वविद्यालय को यू.जी.सी. द्वारा 12बी की मान्यता और वेटरनरी काॅलेज, नवानियां को वी.सी.आई. की प्रथम अनुसूची में शामिल किया जाना हमारी विशिष्ट उपलब्धि रही है। राज्य के 14 जिलों में वेटरनरी विश्वविद्यालय प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्रों की स्थापना की जा चुकी है। इन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केन्द्रों के माध्यम से पशुपालकों को नवीनतम तकनीकें तीव्र गति से प्रसारित करके स्थानीय समस्याओं पर अनुसंधान एवं उनका समाधान भी जिले में ही संभव हो पाया है। वेटरनरी विष्वविद्यालय प्रषिक्षण एवं अनुसंधान केन्द्रों तथा कृषि विज्ञान केन्द्र, नोहर द्वारा विभिन्न जिलों के ग्रामीण क्षेत्रों में वर्ष 2018-19 में 1127 वैज्ञानिक पशुपालक षिविरों का आयोजन करके 34 हजार 866 पशुपालक और कृषकों को लाभान्वित किया गया है। कुलपति प्रो. विष्णु शर्मा ने फैकल्टी और विद्यार्थियों के मध्य एक मैत्री क्रिकेट मैच का शुभारंभ किया जिसमें वेटरनरी विश्वविद्यालय के कुलसचिव अजीत सिंह, वित्त नियंत्रक अरविंद बिश्नोई एवं फैकल्टी सदस्यों ने अपने क्रिकेट कौशल का प्रदर्शन किया।

पी.जी.आई.वी.ई.आर., जयपुर में 71वें गणतंत्र दिवस
समारोह का आयोजन

जयपुर, 26 जनवरी। स्नातकोत्तर पशुचिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (पी.जी.आई.वी.ई.आर.), जयपुर के मानसरोवर एवं जामडोली स्थित दोनों परिसरों में रविवार को 71वें गणतंत्र दिवस समारोह पर अधिष्ठाता प्रो. जी.सी. गहलोत द्वारा ध्वजारोहण किया गया।
अधिष्ठाता महोदय ने सभी को गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए अपने उद्बोधन में बताया कि आज ही के दिन देश का संविधान लागू किया गया जो देशवासियों के अधिकार और कत्र्तत्यों के विषय में विस्तार से व्याख्यान करता है। यही संविधान राष्ट्र के सभी लोगों को समान भाव से जीवन यापन करने का अवसर एवं अधिकार देता है और स्वयं के कत्र्तव्यों के प्रति सचेत करता है। अधिष्ठाता महोदय ने संस्थान की प्रगति के लिये सभी शैक्षणिक तथा अशैक्षणिक कर्मचारियों के साथ-साथ विद्यार्थियों का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि हम अपने संस्थान को राष्ट्रीय एवं अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिये क्षमताओं का भरपूर उपयोग करें तथा पशुपालकों के आर्थिक एवं सामाजिक स्तर को बेहतर बनाए। उन्होंने बताया कि अतिषीघ्र हमारा संस्थान दो राष्ट्रीय स्तर के सेमिनारों का आयोजन करने जा रहा है जिससे इस संस्थान की उपस्थिति राष्ट्रीय स्तर पर सुदृढ़ होगी। इस अवसर पर बी.वी.एस.सी. एण्ड ए.एच., प्रथम, द्वितीय, तृतीय एवं चतुर्थ वर्ष की संस्थान वरीयता सूची में प्रथम पाँच स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कृत कर उनका सम्मान किया गया। इस अवसर पर छात्र-छात्राओं ने देशभक्ति से ओत-प्रोत विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किये। उनके द्वारा प्रस्तुत नृत्य एवं गीतों ने सभी को मंत्र मुग्ध कर दिया। इस कार्यक्रम में समस्त शैक्षणिक व अशैक्षणिक कर्मचारियों तथा छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। मंच का संचालन डाॅ. भावना राठौड़ ने किया।

वेटरनरी काॅलेज में एन.सी.सी. परेड और देशभक्ति
के गीतों साथ गणतंत्र दिवस मनाया

वल्लभनगर, 26 जनवरी। पशुचिकित्सा एवं पशु विज्ञान महाविद्यालय, नवानियां, वल्लभनगर, में 71 वां गणतंत्र दिवस एन.सी.सी. परेड, देशभक्ति के जोशीले गीतांे और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की मनमोहक प्रस्तुतियों के साथ धूमधाम से मनाया गया। समारोह के प्रारम्भ में महाविद्यालय अधिष्ठाता प्रो. (डाॅ.) त्रिभुवन शर्मा ने ध्वजारोहण कर राष्ट्रीय ध्वज को सलामी दी। इसके पश्चात् एन.सी.सी. कैडेट्स ने मार्च पास्ट कर तिरंगे को सलामी दी। अधिष्ठाता प्रो. शर्मा ने अथितियों, शिक्षकों, शैक्षणेतर कर्मचारियों और विद्यार्थियों को गणतन्त्र दिवस की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होनें अपने सम्बोधन मे बताया कि देश को विकास की दिशा में अग्रसर करने में प्रत्येक नागरिक की भूमिका अहम है, आज का दिन खुशी के साथ-साथ चिंतन दिवस के रुप में भी देखा जाना चाहिए कि एक वैज्ञानिक, विद्यार्थी या कर्मचारी होने के नाते क्या मैनें अपनी भूमिका का सही रुप से निर्वहन किया है, और आने वाले समय में अपने देश के विकास में और अधिक योगदान कैसे कर सकता हॅू। संविधान के मूल अधिकारांे के साथ-साथ अपने कर्तव्यांे को निभाना हम सभी के लिए परम आवश्यक है। खुशी की बात है कि आज हमारे देश में युवा शक्ति की भरमार है। इस युवा शक्ति को सही दिशा-निर्देश देकर हम हमारे देश को विश्वगुरु बना सकते है। उन्होनंे सभी का आव्हान किया कि हमें अपने समन्वित प्रयासों से महाविद्यालय और विश्वविद्यालय को नई उंचाईयों पर ले जाना हंै, इसके लिए सभी का सहयोग अपेक्षित हैं। इस अवसर पर महाविद्यालय के छात्र छात्राओं ने देशभक्ति से ओतप्रोत रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुितयां दी। सहायक अधिष्ठाता छात्र कल्याण डाॅ. मितेश गौड ने बताया कि विश्वविद्यालय की विभिन्न स्नातक व स्नातकोŸार परीक्षाओं की मेरिट में अव्वल रहे 22 विद्यार्थियों, शिक्षकेतर कर्मचारी राम लाल गुर्जर, सहायक आचार्य डाॅ. एम. एल. गुर्जर, डाॅ. दीपक शर्मा, डाॅ. दिनेश चव्हाण और डाॅ. राकेश कुमार को महाविद्यालय स्तर पर उनके उत्कृष्ठ योगदान व प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया गया। ए.एन.ओ. डाॅ. सनवीर खातून, सी.टी.ओ. डाॅ. गोवर्धन सिंह एवं एन.सी.सी. यूनिट के अधिकारीओं की उपस्थिति में एन.सी.सी कैडेट्स रितु बुगालिया, अंकित कुमार को सीनियर अंडर आॅफिसर, रोहित सांेलकी और विमला चैधरी को अंडर आॅफिसर रेंक से सम्मानित किया गया। सांस्कृतिक कार्यक्रम में भाग लेने वाले विद्यार्थियों को अधिष्ठाता द्वारा पुरस्कृत किया गया। अन्त में सभी को मिठाई वितरित की गई। इस मौके पर महाविद्यालय के अन्य कर्मचारी, शिक्षणगण और विद्यार्थी उपस्थित थे।

सह-समन्वयक
जनसम्पर्क प्रकोष्ठ