वेटरनरी विश्वविद्यालय कोरोना के कारण वेटरनरी छात्र अपने नजदीकी पशु चिकित्सालय से कर सकेंगे इन्टर्नशिप

वेटरनरी विश्वविद्यालय
कोरोना के कारण वेटरनरी छात्र अपने नजदीकी पशु
चिकित्सालय से कर सकेंगे इन्टर्नशिप

बीकानरे, 20 जून। कोरोना महामारी के चलते विश्वविद्यालय के वेटरनरी छात्र अपने शहर में ही स्थित नजदीकी पशु चिकित्सालय से इन्टर्नशिप पूरी कर सकेंगे। वेटरनरी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विष्णु शर्मा ने बताया कि वेटरनरी के स्नातक अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों को 6 माह की इन्टर्नशिप करने के बाद ही वेटरनरी उपाधि प्रदान की जाती है। वर्तमान में कोविड-19 के कारण लोक डाऊन में कॉलेज बंद हो जाने पर सभी विद्यार्थी अपने घर चले गए। विद्यार्थियों की इन्टर्नशिप न होने की वजह से इनकी डिग्री (उपाधि) पर प्रभाव पड़ रहा था। कुलपति प्रो. शर्मा ने बताया कि विद्यार्थियों के भविष्य के मद्देनजर राज्य के पशुपालन विभाग को पत्र लिखकर विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों को विभाग के पशु चिकित्सालय पर इन्टर्नशिप करवाने का आग्रह किया गया। अब विश्वविद्यालय द्वारा सभी विद्यार्थियों को राहत देते हुए इन्टर्नशिप विद्याथियों के शहर के नजदीक पशु चिकित्सालय में ही करने के आदेश प्रदान किये गए हैं। इस राहत से विश्वविद्यालय के तीनों कॉलेज बीकानेर, उदयपुर व जयपुर के 228 विद्यार्थियों को इसका लाभ मिलेगा। इस दौरान विद्यार्थियों को नियमानुसार इन्टर्नशिप भत्ता देय भी होगा। भारतीय पशुचिकित्सा परिषद् के नियमों के मुताबिक यू.जी. के अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों को 6 माह की इन्टर्नशिप करनी होती है जिसमें उन्हें वेटरनरी कॉलेज के हॉस्पिटल, पशुधन फार्म, अनुसंधान प्रयोगशालाएं आदि पर जाकर पशुओं के इलाज का व्यवहारिक ज्ञान प्राप्त करना होता है। गौरतलब है कि विश्वविद्यालय ने लॉकडाउन के दौरान ही ऑनलाइन परीक्षा उत्तर पुस्तिकाओं की जांच कर विद्यार्थियों का परिणाम जारी किया था।