राजुवास में गौशाला प्रबंधकों व डेयरी संचालकों का प्रशिक्षण सम्पन्न

क्रमांक 107                                                                                                                   26 सितम्बर, 2018

राजुवास में गौशाला प्रबंधकों व डेयरी संचालकों का प्रशिक्षण सम्पन्न
गौशाला व डेयरी प्रबंधन के वैज्ञानिक गुर सीखे: पशु अनुसंधान केन्द्र कोडमदेसर का किया भ्रमण

बीकानेर, 26 सितम्बर। गौपालन विभाग और वेटरनरी विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में संभाग के गौशाला प्रबंधकों और डेयरी संचालकों का तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम बुधवार को संपन्न हो गया। प्रशिक्षण में बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और चूरू जिलों से आए 23 संभागियों ने शिरकत की। वेटरनरी काॅलेज के अधिष्ठाता प्रो. त्रिभुवन शर्मा ने प्रशिक्षण के समापन पर सभी संभागियों को प्रमाण पत्र प्रदान करते हुए कहा कि गौशाला प्रबंधकोें को गोबर व गौमूत्र की उपयोगिता के अनुसार आय सृजन के उपाय करने चाहिए। राजुवास के छात्र कल्याण अधिष्ठाता प्रो. एस.सी. गोस्वामी ने गौषालाओं को शहर के घूमन्तु पशुओं को आश्रय देने का आग्रह किया। राजुवास के प्रसार षिक्षा निदेशक व प्रषिक्षण के समन्वयक प्रो. ए.पी. सिंह ने बताया कि प्रशिक्षण के अंतिम दिन बुधवार को संभागियों ने पशुधन अनुसंधान केन्द्र, कोड़मदेसर का भ्रमण करवाकर और साहीवाल व कांकरेज गौनस्लों और बीकानेरी चोखला भेड़ नस्लों के वैज्ञानिक रख-रखाव और उपयोगिता के कार्यों को देखा। गौपालन विभाग के संयुक्त निदेशक डाॅ. प्रवीण कुमार शर्मा और डाॅ. आर.एन. कच्छवाहा ने डेयरी फार्म प्रबंधन, अवसंरचना, उपकरणों का रख रखाव दुग्ध उत्पादों के निर्माण और विपणन के बारे में जानकारी दी।

निदेशक