पी.जी.आई.वी.ई.आर., जयपुर में चार दिवसीय श्वान मोतियाबिन्द शल्य चिकित्सा जांच शिविर का आयोजन

पी.जी.आई.वी.ई.आर., जयपुर में चार दिवसीय श्वान मोतियाबिन्द
शल्य चिकित्सा जांच शिविर का आयोजन

जयपुर, 08 फरवरी। स्नातकोत्तर पशुचिकित्सा षिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (पी.जी.आई.वी.ई.आर.), जयपुर के वेटरनरी क्लिनिकल काॅम्प्लेक्स के शल्य चिकित्सा अनुभाग तथा पषु शल्य चिकित्सा विभाग द्वारा श्वानों में मोतियाबिन्द की शल्य चिकित्सा हेतु चार दिवसीय जांच शिविर का आयोजन दिनांक 03 से 06 फरवरी, 2021 तक किया गया। दिनांक 03 फरवरी को इस शिविर का उद्घाटन संस्थान की अधिष्ठाता प्रो. संजीता शर्मा ने किया। इस अवसर पर पशुचिकित्सा एवं पशु विज्ञान महाविद्यालय, बीकानेर के पशु शल्य चिकित्सा विभाग के विभागाध्यक्ष डाॅ. प्रवीण बिश्नोई भी उपस्थित रहे। अपने उद्बोधन में अधिष्ठाता महोदया ने बताया कि यह शिविर स्नातकोत्तर विधार्थियांे तथा संकाय सदस्यों को श्वानों में नेत्र शल्य चिकित्सा के क्षेत्र में अपना कौशल विकसित करने में अत्यन्त सहायक साबित होने के साथ-साथ ही लम्बे समय से इन्तजार कर रहे श्वान प्रेमियों/पालकों को अपने श्वानों के मोतियाबिन्द का उचित उपचार उपलब्ध कराने में भी सहायक सिद्ध होगा। शनिवार को षिविर की सफलतापूर्वक समापन पर वेटरनरी क्लिनिकल काॅम्प्लेक्स प्रभारी डाॅ. धर्म सिंह मीणा ने बताया कि इस षिविर में 18 श्वानों की मोतियाबिन्द शल्य चिकित्सा हेतु आवष्यक विस्तृत जांच की गई। पषु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान महाविद्यालय, बीकानेर के पषु शल्य चिकित्सक डाॅ. सुरेष कुमार झीरवाल के नेतृत्व में श्वानों में मोतियाबिन्द शल्य चिकित्सा हेतु आवश्यक जांचें विस्तार से सम्पादित की गई। इस अवसर पर संस्थान के पषु शल्य चिकित्सा विभाग के प्रभारी डाॅ. वाई. पी. सिंह ने बताया कि इस षिविर के आयोजन से श्वान पालकों को अपने श्वानों के मोतियाबिन्द की शल्य चिकित्सा की संभावना के साथ ही शल्य चिकित्सा विभाग के संकाय सदस्यों एवं स्नातकोत्तर शोधार्थियों को भी श्वानों की मोतियाबिन्द से संबंधित सभी जांचे विस्तारपूर्वक सीखने का अनुभव मिला। उन्होंनंे आशा जताई कि निकट भविष्य में इन्हीं श्वानों की मोतियाबिन्द शल्य चिकित्सा हेतु शीघ्र ही दूसरे शिविर का आयोजन किया जायेगा। उन्होंनें षिविर के सफल आयोजन में सभी संकाय सदस्यों एवं स्नातकोत्तर विद्यार्थियों की सक्रिय भूमिका की सराहना की।